रांची :- कोल इंडिया लिमिटेड(सीआईएल) ने अपनी अनुषंगी कम्पनियों के सरप्लस क्वार्टरों को रिटायर कोयला कर्मचारियों को आवंटित करने के नियम बनाने के लिए 11 वें जेबीसीसीआइ की एक कमेटी का गठन 19 दिसंबर 2023 को किया।कमेटी में चार यूनियनों के चार प्रतिनिधि और प्रबंधन के निदेशक स्तर के अधिकारी शामिल हैं।कमेटी की पहली बैठक 20 मार्च 2024 को बीसीसीएल मुख्यालय धनबाद में एवं 28 अगस्त 2024 को दिल्ली में हो चुकी है।कमेटी की दो बैठकों में कुछ भी सकारात्मक निर्णय / सहमति बन पाया है।इस बीच सीसीएल में रिटायर कामगारों को आवास रेंट पर आवंटित करने का मामला प्रकाश में आया। ऐसे कई आवास आवंटित होने की खबर है।इसमें दिलचस्प पहलू यह है कि अधिकांश ऐसे आवंटन यूनियन नेताओं को आवंटित किए हैं , न कि आम रिटायर कोयला कर्मचारी को।इस संदर्भ में संपर्क करने पर एचएमएस नेता,जेबीसीसीआइ सदस्य और उपरोक्त कमेटी के सदस्य शिवकुमार यादव ने कहा कि हमारी मांग भी यही थी कि सेवानिवृत्त कामगारों को क्वार्टर आवंटित हो।जब सीसीएल जिस नियम के तहत आवंटित कर ही रहा है उसी नियम को पूरे सीआईएल में लागू कर दे। अगर प्रबंधन को यही करना था,पिक एंड चूज के आधार पर क्वार्टर आवंटित करना था तो फिर कमेटी गठन का क्या औचित्य था ? उन्होंने कहा क्वाटर आवंटन में पिक एंड चूज नहीं होना चाहिए।उन्होंने इस मुद्दे पर कोल इंडिया डीपी से बात करने की बात कही।
*मामला :- सीसीएल के बेरमो एंड करगली(बी एंड के) एरिया के पूर्व सीनियर ओवरमैन विजय कुमार सिंह को क्वाटर संख्या बी/6 रिवर साइड कॉलोनी को रेंट पर आवंटित करने का पत्र 16 अगस्त 2024 को कार्यालय आदेश के तहत जारी किया गया है। स्टाफ ऑफिसर( पी एंड ए) द्वारा जारी कार्यालय आदेश में कहा गया है कि, ” निदेशक मंडल की 30 अक्टूबर 2012 को हुई 391 वीं बैठक में
सरप्लस क्वार्टरों के आवंटन के बारे में बनाए गए नीति के अनुसार और आवंटन के लिए सक्षम प्राधिकारी से प्राप्त अनुमोदन E – 1540641 रेफरेंस u/o नंम्बर PO/BKQ/Qtr allot/24-25/384 डेटेड 21.6.2024 के आलोक में उक्त क्वाटर आवंटित किया जाता है।
कार्यालय आदेश 15 आवंटन के टर्म्स एंड कंडीशन लिखे गए है।
*प्रमुख टर्म्स एंड कंडीशन :-
@ आवंटन अस्थायी है।
@कंपनी को जब जरूरत होगी क्वार्टर खाली करना होगा।
@हर महीने के 538 स्क्वायर फीट का 12.50 रुपये के दर से 6725 रुपया भुगतान करना होगा।
@हर महीने की पहली तारीख को 700 रुपया बिजली बिल देना होगा।
@क्वाटर में कुछ निर्माण/ बदलाव नहीं कर सकते।
चर्चा है सीसीएल में ऐसे बहुत क्वाटर आवंटित हुए है।इनमें साधारण कामगार शामिल नहीं है।अधिकांश श्रमिक संगठनों के पदधारी हैं।विजय कुमार सिंह इनमोसा सीसीएल के उप महामंत्री एवं इंटक से जुड़े बताए जाते हैं।सीसीएल के एक सेवानिवृत्त कामगार ने गोपनीयता की शर्त पर बताया कि सेवानिवृत्त होने के तीन महीने के अंदर क्वार्टर खाली नहीं करने पर हमलोगों का ग्रेच्युटी का भुगतान नहीं होता।तीन महीने के बाद पैनल रेंट कटने लगता है।लेकिन नेताओं का ग्रेच्युटी भुगतान नहीं रुके इसलिए प्रबंधन उन लोगों को क्वाटर में रहते हुए ही आवंटन कर देता है।जिस नियम के तहत नेताओं को आवंटित करता है उसी तरह हमलोगों को भी आवंटित होना चाहिए।उक्त कामगार ने कहा कि अगर मामले की बढ़िया से और ईमानदारी से जांच हो तो बड़ा खुलासा होगा।ऐसे में सवाल उठना लाजमी है कि क्या कमेटी केवल आम सेवानिवृत्त कामगारों के लिए है? कामगारों को सरप्लस क्वार्टर आवंटन के लिए के नियम बनाएगी ?? ऐसे में कमेटी का गठन सवालों के कठघरे में है।





