सिंगरौली :-राष्ट्रीय खान मजदूर फेडरेशन(इंटक) केअध्यक्ष विधायक जयमंगल सिंह ने एनसीएल प्रबंधन द्वारा राष्टीय कोलियरी मजदूर संघ( आरसीएमएस) को चेक ऑफ सिस्टम में शामिल करने पर आपत्ति जताते हुए आंदोलन की चेतावनी दिया है. इस बारे में उन्होंने 19 सितंबर को एनसीएल के सीएमडी और डीपी कोपत्र लिखा है.उल्लेखनीय है की 7 सितंबर को एनसीएल के उप महाप्रबंधक (कार्मिक/औस) राजेश चौधरी ने आरसीएमएस के क्षेत्रीय सचिव आनंद द्विवेदी को पत्र लिख कर चेक ऑफ सिस्टम में शामिल करने की सूचना दिया था.फेडरेशन अध्यक्ष नेअपने पत्र में लिखा है कि आरसीएमएस को चेक ऑफ़ सिस्टम के तहत सदस्यता नामंकन अनुमति देना न केवल अनुचित और अनैतिक है बल्कि गैर कानूनी भी है।आरसीएमएस इंटक समेत अन्य केंद्रीय यूनियनों से मान्यता प्राप्त नहीं है।उन्होंने प्रबंधन से उक्त पत्र को वापस लेने एवं ओपी मालवीय के नेतृत्व वाले आरसीएस एस के पूर्व की स्थिति बहाल करने का मांग किया।उन्होंने एनसीएल प्रबंधन को चेतावनी देते हुए लिखा है कि प्रबंधन अपने निर्णय पर पुनर्विचार करे अन्यथा इंटक को आंदोलन करने के लिए बाध्य होना पड़ेगा।जिससे उत्पादन एवं प्रेषण प्रभावित होगा।
मामला :- आरसीएमएस को लेकर काफी लंबे समय से विवाद चल रहा था।रांची हाई कोर्ट में मामला था।इस बीच जयमंगल सिंह ने एक नए संगठन राष्ट्रीय कोलियरी मजदूर यूनियन का गठन किया।हाई कोर्ट ने चंद्रशेखर दुबे और ललन चौबे के पक्ष में फैसला दिया।इसके बाद श्री दुबे एवं श्री चौबे सक्रिय हो गए।इस बीच एनसीएल में इंटक की यूनियन आरसीएसएस में हुए विवाद में ट्रेड यूनियन रजिस्टार एवं एनसीएल प्रबंधन ने लाल पुष्पराज सिंह के नेतृत्व वाले कमेटी को मान्यता दिया।





